हाथों में तेरे मेह्फुज़ रहेने की उम्मीद थी,
आँखों में तेरे ही बसने की उम्मीद थी,
दिल जो तुने ही दुखा दिया है,
उसमें तुझे ही बसाने की उम्मीद थी |
मैं तो तेरा ही दीवाना था,
जां तुझी पे लुटाना था,
आने में देर मैंने किया था, फिर भी
रात तो तेरे ही साथ बिताना था |
प्यार से तुझे बस देखा मैं,
पर प्यार कर नहीं पाया मैं,
कोशिश तो लाख किया था लेकिन,
तुझे पास ना ला पाया मैं |
आवारा घूमता फिरता हु,
याद तुझी को करता रहेता हु,
ए बेखबर आज सुनले तू ज़रा,
अपना ज़िंदगी तेरे नाम करता हु |
आँखों में तेरे ही बसने की उम्मीद थी,
दिल जो तुने ही दुखा दिया है,
उसमें तुझे ही बसाने की उम्मीद थी |
मैं तो तेरा ही दीवाना था,
जां तुझी पे लुटाना था,
आने में देर मैंने किया था, फिर भी
रात तो तेरे ही साथ बिताना था |
प्यार से तुझे बस देखा मैं,
पर प्यार कर नहीं पाया मैं,
कोशिश तो लाख किया था लेकिन,
तुझे पास ना ला पाया मैं |
आवारा घूमता फिरता हु,
याद तुझी को करता रहेता हु,
ए बेखबर आज सुनले तू ज़रा,
अपना ज़िंदगी तेरे नाम करता हु |
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